BPSC TRE 4 New Exam Pattern: बिहार में शिक्षक बनने का सपना देख रहे लाखों उम्मीदवारों के लिए बिहार लोक सेवा आयोग यानी बीपीएससी की तरफ से टीचर रिक्रूटमेंट एग्जामिनेशन यानी टीआरई-4 को लेकर बड़ा फैसला सामने आया है। आयोग ने साफ कर दिया है कि इस बार परीक्षा में प्रारंभिक परीक्षा यानी पीटी और मुख्य परीक्षा यानी मेंस, दोनों ही चरण पूरी तरह से ऑब्जेक्टिव यानी बहुविकल्पीय प्रश्नों पर आधारित होंगे। यह फैसला उस वक्त आया है जब छात्र संगठनों की तरफ से बुलाए गए बिहार बंद को लेकर राज्य में सियासी माहौल गरम था, और मुख्य विपक्षी दल राजद ने भी इस बंद को समर्थन देने का ऐलान कर दिया था।
निगेटिव मार्किंग का नियम भी लागू
आयोग की बाकी परीक्षाओं की तरह ही अब टीआरई-4 में भी निगेटिव मार्किंग का सख्त नियम लागू कर दिया गया है। इसका सीधा मतलब यह है कि उम्मीदवार अब बिना सोचे-समझे अंदाजे से जवाब नहीं दे पाएंगे, क्योंकि गलत उत्तर देने पर सही जवाबों में मिले अंकों में से कटौती होगी। आयोग ने यह भी बताया कि अब लगभग सभी बड़ी परीक्षाएं दो चरणों के फॉर्मेट में आयोजित की जा रही हैं, और टीआरई-4 को भी इसी ढांचे में ढाला गया है।
भाषा को लेकर फैली अफवाहों पर आयोग की सफाई
पिछले कुछ दिनों से छात्रों के बीच यह चर्चा तेजी से फैल रही थी कि हिंदी और अंग्रेजी माध्यम से परीक्षा देने वाले उम्मीदवारों को अलग-अलग अंक दिए जा रहे हैं। इस पर आयोग ने सीधे तौर पर इन दावों को खारिज करते हुए कहा कि जब फॉर्म भरने वाले उम्मीदवारों का पूरा और अंतिम आंकड़ा ही अभी आयोग के पास मौजूद नहीं है, तो माध्यम के आधार पर अंक देने या घटाने का सवाल ही पैदा नहीं होता। आयोग ने इन अफवाहों को पूरी तरह निराधार बताया है।
परीक्षा की संभावित समयसीमा
आयोग के अनुसार, टीआरई-4 की परीक्षा की फाइनल तारीख अक्टूबर महीने में घोषित की जाएगी। सितंबर के अंत तक फॉर्म भरने वाले सभी उम्मीदवारों का डेटा आयोग के पास पहुंच जाएगा, और इसी डेटा के आधार पर आगे की रणनीति तय होगी। मौजूदा संकेतों के अनुसार परीक्षा इसी साल दिसंबर से लेकर अगले साल जनवरी के बीच आयोजित होने की संभावना है। अगर आवेदन करने वाले उम्मीदवारों की संख्या सामान्य रहती है तो परीक्षा तीन चरणों में पूरी की जाएगी, लेकिन अगर आवेदकों की संख्या पांच लाख के पार पहुंचती है, जिसकी पूरी संभावना जताई जा रही है, तो भीड़ प्रबंधन के लिए परीक्षा को छह अलग-अलग चरणों में बांटा जाएगा।
71वीं बीपीएससी और एईडीओ परीक्षा पर भी अपडेट
आयोग सिर्फ टीआरई-4 ही नहीं बल्कि कई अन्य अहम परीक्षाओं पर भी काम कर रहा है। 71वीं बीपीएससी परीक्षा का इंतजार कर रहे उम्मीदवारों के लिए राहत की खबर है, क्योंकि इसका परिणाम इसी सितंबर महीने में जारी किए जाने की जानकारी दी गई है। इसके अलावा एईडीओ यानी असिस्टेंट एग्रीकल्चर डेवलपमेंट ऑफिसर परीक्षा को लेकर आयोग ने कहा है कि इसे जनवरी से दिसंबर के बीच कभी भी शेड्यूल किया जा सकता है।
बिहार बंद के दबाव में आया फैसला
गौरतलब है कि मंगलवार को छात्र संगठनों ने टीआरई-4 से जुड़ी मांगों को लेकर बिहार बंद का आह्वान किया था, जिसे राजद जैसे बड़े राजनीतिक दल का भी समर्थन मिल गया था। सड़कों पर उतरे छात्रों के गुस्से और बढ़ते सियासी दबाव को देखते हुए ही आयोग ने परीक्षा पैटर्न से जुड़े इतने बड़े फैसले इतनी जल्दी सार्वजनिक कर दिए। माना जा रहा है कि आयोग का यह कदम छात्रों की नाराजगी को शांत करने और आगामी परीक्षा प्रक्रिया को सुचारू रूप से आगे बढ़ाने की दिशा में उठाया गया है। जो उम्मीदवार टीआरई-4 परीक्षा की तैयारी कर रहे हैं, आयोग की आधिकारिक वेबसाइट पर नजर बनाए रखें, ताकि परीक्षा तिथि और अन्य दिशा-निर्देशों से जुड़ी हर जानकारी समय पर मिल सके। परीक्षा पैटर्न में हुए इस बदलाव को ध्यान में रखते हुए उम्मीदवारों को अपनी तैयारी की रणनीति भी उसी हिसाब से तय करनी चाहिए।










