DA Hike: दिवाली से पहले केंद्र सरकार के कर्मचारियों और पेंशनभोगियों के लिए अच्छी खबर आई है। केंद्रीय कैबिनेट ने महंगाई भत्ते (DA) में 3 प्रतिशत की बढ़ोतरी को मंजूरी दे दी है। अभी तक कर्मचारियों को बेसिक पे का 60 प्रतिशत डीए मिल रहा था, जो अब बढ़कर 63 प्रतिशत हो जाएगा। नई दर 1 जुलाई 2026 से लागू मानी जाएगी, यानी इसका असर पिछली तारीख से दिखेगा। इस फैसले का फायदा लगभग 48 लाख केंद्रीय कर्मचारियों और करीब 68 लाख पेंशनभोगियों को मिलेगा। जुलाई से ही कर्मचारी इस ऐलान की राह देख रहे थे और 14 अक्टूबर की कैबिनेट बैठक में भी डीए पर कोई घोषणा नहीं हुई थी। अब त्योहार के ठीक पहले आए इस फैसले से हर महीने की सैलरी और पेंशन में इजाफा होगा, जबकि बीते महीनों का बकाया अलग से जुड़ने की उम्मीद है। कुल रकम कितनी बढ़ेगी, यह हर कर्मचारी के बेसिक पे पर निर्भर करेगा।
| Particulars | Details |
|---|---|
| Subject | Dearness Allowance (DA) and Dearness Relief (DR) Hike |
| Approved By | Union Cabinet |
| Increase | 3 Percent |
| Old DA Rate | 60 Percent |
| New DA Rate | 63 Percent |
| Effective From | 1 July 2026 |
| Beneficiaries | Approx. 48 Lakh Employees and 68 Lakh Pensioners |
| Calculation Period | July 2025 to June 2026 (12-Month Average Retail Inflation) |
कैबिनेट के फैसले में क्या-क्या तय हुआ
महंगाई भत्ते को बढ़ाने का यह फैसला केंद्रीय कैबिनेट की बैठक में हुआ। आमतौर पर सरकार जनवरी और जुलाई से लागू होने वाले डीए का ऐलान कुछ महीने बाद करती है, इसलिए जुलाई 2026 वाली किस्त के लिए अक्टूबर तक इंतजार करना पड़ा। इस बार की बढ़ोतरी जुलाई 2025 से जून 2026 तक के 12 महीनों की औसत खुदरा महंगाई के आंकड़ों पर आधारित है। इन आंकड़ों की गणना पहले ही पूरी हो चुकी थी और अनुमान भी 3 प्रतिशत की बढ़त का ही लगाया जा रहा था। सरकार ने इसी अनुमान पर मुहर लगाई है। फैसले के बाद केंद्रीय कर्मचारियों का डीए 60 से 63 प्रतिशत पर पहुंच जाएगा। इसकी पुष्टि वित्त मंत्रालय के आधिकारिक आदेश से होती है, जिसमें लागू होने की तारीख और भुगतान का तरीका दर्ज रहता है।
बेसिक पे के हिसाब से कितनी बढ़ेगी सैलरी
डीए की गणना कर्मचारी की बेसिक सैलरी के आधार पर होती है, इसलिए हर पे लेवल पर बढ़ोतरी की रकम अलग-अलग रहेगी। उदाहरण के तौर पर अगर किसी कर्मचारी की बेसिक सैलरी 44,900 रुपये है, तो 60 प्रतिशत डीए के हिसाब से उसे हर महीने 26,940 रुपये मिलते हैं। अब 63 प्रतिशत की दर से यह रकम 28,287 रुपये हो जाएगी। यानी हर महीने 1,347 रुपये अतिरिक्त मिलेंगे। इसी फॉर्मूले से सातवें वेतन आयोग के शुरुआती बेसिक पे पर मासिक इजाफे का अनुमान नीचे दी गई तालिका में देखा जा सकता है। इसमें केवल बेसिक पे पर 3 प्रतिशत की गणना दिखाई गई है, जबकि अलग-अलग भत्तों और कटौती के बाद हाथ में आने वाली रकम में थोड़ा फर्क रह सकता है।
| Pay Level | Entry Basic Pay | Monthly Increase (3%) |
|---|---|---|
| Level 1 | Rs 18,000 | Rs 540 |
| Level 2 | Rs 19,900 | Rs 597 |
| Level 3 | Rs 21,700 | Rs 651 |
| Level 4 | Rs 25,500 | Rs 765 |
| Level 5 | Rs 29,200 | Rs 876 |
| Level 6 | Rs 35,400 | Rs 1,062 |
| Level 7 | Rs 44,900 | Rs 1,347 |
हर साल दो बार क्यों बदलता है महंगाई भत्ता
महंगाई भत्ता यानी DA सरकारी कर्मचारियों और पेंशनर्स को बढ़ती कीमतों से राहत देने के लिए दिया जाता है। केंद्र सरकार आमतौर पर साल में दो बार इसमें बदलाव करती है, जो जनवरी और जुलाई से प्रभावी माने जाते हैं। बढ़ोतरी कितनी होगी, इसमें खुदरा महंगाई के आंकड़ों की सबसे बड़ी भूमिका रहती है, क्योंकि कीमतें चढ़ने पर कर्मचारियों की खरीदने की ताकत घटती है। सरकार इसी असर को संतुलित करने के लिए समय-समय पर दर बदलती है। हालांकि घोषणा किस तारीख को होगी, यह पूरी तरह सरकार के फैसले पर टिका रहता है। यही वजह है कि कई बार जनवरी या जुलाई की किस्त का ऐलान कुछ महीने बाद होता है, और उस स्थिति में कर्मचारियों को पुरानी प्रभावी तारीख से लाभ मिलता है।
पेंशनभोगियों को महंगाई राहत और बकाया रकम
पेंशन पाने वाले पूर्व कर्मचारियों को डीए की जगह महंगाई राहत यानी DR दी जाती है, और इसकी दर कर्मचारियों के डीए के बराबर ही रखी जाती है। इसलिए 63 प्रतिशत डीए के साथ पेंशनर्स की राहत भी उसी स्तर पर पहुंचेगी। इस बार करीब 68 लाख पेंशनभोगी इसके दायरे में हैं। चूंकि बढ़ोतरी 1 जुलाई 2026 से लागू होनी है और ऐलान अक्टूबर में हुआ है, इसलिए बीच के महीनों का अंतर बकाया यानी एरियर के रूप में मिल सकता है। यह रकम कितनी होगी और किस महीने की सैलरी या पेंशन के साथ आएगी, इसका ब्योरा सरकार के आधिकारिक आदेश में साफ होता है। आमतौर पर बकाया पाने का तरीका भी उसी आदेश से तय होता है।
इससे पहले कब बढ़ा था भत्ता और अब आगे क्या
इससे पहले सरकार ने अप्रैल 2026 में डीए में 2 प्रतिशत की बढ़ोतरी की थी, जिससे यह 58 से बढ़कर 60 प्रतिशत हुआ था। वह बढ़ोतरी 1 जनवरी 2026 से प्रभावी थी और कर्मचारियों को अप्रैल की सैलरी के साथ जनवरी से मार्च तक का बकाया भी दिया गया था। जुलाई वाली किस्त के लिए 14 अक्टूबर की कैबिनेट बैठक से उम्मीद थी, लेकिन उसमें रेलवे कर्मचारियों के लिए उत्पादकता से जुड़े बोनस को मंजूरी मिली और डीए पर कोई बात नहीं हुई। अब 3 प्रतिशत के इजाफे के साथ यह इंतजार खत्म हो गया है।नई दर लागू होने के बाद केंद्रीय कर्मचारियों का महंगाई भत्ता 63 प्रतिशत हो जाएगा और इसका सीधा असर मासिक वेतन, पेंशन और बकाया रकम पर दिखेगा। अगली बढ़ोतरी जनवरी 2027 से प्रभावी मानी जाएगी, जिसका फैसला आने वाले महीनों के महंगाई आंकड़ों के आधार पर होगा।










